जेल में गैंगस्टर स्टाइल रील से मचा बवाल: वायरल वीडियो ने पुलिस के दावों और सुरक्षा व्यवस्था की खोली पोल…
आरोपी ने वीडियो में दिखाया वही पैर जिसे पुलिस ने बताया था फ्रैक्चर, प्रतिबंध के बावजूद मुलाकात कक्ष तक पहुंचा मोबाइल...

(www.csnn24.com) रतलाम। सर्किल जेल में न्यायिक हिरासत में बंद जानलेवा हमले के आरोपी बाबर खान का सोशल मीडिया पर वायरल हुआ वीडियो जेल प्रशासन और पुलिस दोनों के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। वायरल वीडियो ने एक साथ कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक ओर जेल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं, वहीं दूसरी ओर स्टेशन रोड थाना पुलिस के उस दावे की भी विश्वसनीयता कटघरे में है, जिसमें गिरफ्तारी के दौरान आरोपी के पैर में फ्रैक्चर होने की बात कही गई थी।
वायरल वीडियो में बाबर खान कैदी मुलाकात कक्ष में रील बनाते हुए दिखाई दे रहा है। वीडियो के बैकग्राउंड में “जिसमें जिगर है उसे कोई नहीं रोक सकता… तेरे जैसे कई आते हैं और चले जाते हैं…” गाना चल रहा है। वहीं वीडियो पर लिखा हुआ है, “गैंगस्टर वाला दिमाग देकर ऊपर वाले ने शरीफ घर में पैदा कर दिया।” आरोपी वीडियो में उसी पैर को सामान्य रूप से उठाकर दिखाता नजर आ रहा है, जिसे पुलिस ने फ्रैक्चर होना बताया था।
स्टेशन रोड थाना पुलिस ने 14 जुलाई 2026 को बाबर खान को शनि गली स्थित एक कलाली में मछली व्यवसायी अंकित कहार पर चाकू से जानलेवा हमला करने के आरोप में गिरफ्तार किया था। पुलिस का दावा था कि गिरफ्तारी के बाद घटनास्थल की तस्दीक के दौरान आरोपी भागने की कोशिश में गिर गया, जिससे उसके पैर में फ्रैक्चर हो गया। उस समय आरोपी पुलिसकर्मियों के कंधों का सहारा लेकर लंगड़ाते हुए चलता दिखाई दिया था। लेकिन अब वायरल वीडियो ने इस दावे पर सवाल खड़े कर दिए हैं।
मामले में नया मोड़ तब आया जब जेल उपअधीक्षक ब्रजेश मकवाने ने बताया कि जेल में प्रवेश के समय डॉक्टर द्वारा किए गए मेडिकल परीक्षण में आरोपी के पैर में केवल मामूली खरोंच पाई गई थी। उनके इस बयान के बाद पुलिस के फ्रैक्चर संबंधी दावे पर चर्चा और तेज हो गई है।
वायरल वीडियो कैदी मुलाकात कक्ष का बताया जा रहा है। जेल नियमों के अनुसार मुलाकात के लिए आने वाले प्रत्येक व्यक्ति का नाम रजिस्टर में दर्ज किया जाता है, पहचान पत्र की जांच होती है, तलाशी ली जाती है और हैंड मेटल डिटेक्टर से जांच के बाद ही प्रवेश दिया जाता है। मुलाकात कक्ष में सुरक्षा प्रहरी भी तैनात रहता है। इसके बावजूद प्रतिबंधित मोबाइल फोन का अंदर पहुंचना सुरक्षा व्यवस्था में गंभीर चूक माना जा रहा है।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि 17 जुलाई को दोपहर करीब 12:30 बजे असलम और आमिर खान नाम के दो लोग बाबर खान से मिलने पहुंचे थे। दोनों ने स्वयं को आरोपी का भाई बताया था। अब जेल प्रशासन सीसीटीवी फुटेज खंगाल रहा है और यह पता लगाने में जुटा है कि मोबाइल फोन अंदर कैसे पहुंचा, वीडियो किसने बनाया और इस पूरे मामले में किसकी लापरवाही रही।
जेल प्रशासन ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। इस घटना ने एक बार फिर जेल सुरक्षा व्यवस्था, मुलाकात प्रक्रिया और पुलिस की कार्रवाई, तीनों पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
प्रमुख बिंदु
सर्किल जेल में बंद आरोपी बाबर खान का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल।
वीडियो में आरोपी ने वही पैर सामान्य रूप से उठाया, जिसे पुलिस ने फ्रैक्चर बताया था।
जेल उपअधीक्षक के अनुसार मेडिकल जांच में केवल मामूली खरोंच मिली थी।
वीडियो में बैकग्राउंड में “जिसमें जिगर है…” गाना और “गैंगस्टर वाला दिमाग…” लिखा संदेश चर्चा का विषय बना।
वायरल वीडियो कैदी मुलाकात कक्ष का बताया जा रहा है, जहां मोबाइल ले जाना पूरी तरह प्रतिबंधित है।
जेल में प्रवेश से पहले रजिस्टर में नाम दर्ज करने, तलाशी और मेटल डिटेक्टर से जांच की व्यवस्था के बावजूद मोबाइल अंदर पहुंच गया।
17 जुलाई को असलम और आमिर खान नाम के दो लोग आरोपी से मिलने पहुंचे थे, जिनसे पूछताछ की जाएगी।
14 जुलाई को जानलेवा हमले के मामले में बाबर खान को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेजा गया था।
वायरल वीडियो के बाद जेल प्रशासन और स्टेशन रोड थाना पुलिस, दोनों की कार्यप्रणाली सवालों के घेरे में है।
सीसीटीवी फुटेज की जांच शुरू, मोबाइल अंदर पहुंचाने और वीडियो बनाने वालों पर कार्रवाई की तैयारी।
अभी तक यह हुई कार्रवाई:- वरुण कपूर जेल महा निरीक्षक ने मामले को संज्ञान में लेकर कार्रवाई करी है।
ड्यूटी पर तैनात प्रहरी निलंबित। प्रभारी एवं सहायक जेल अधीक्षक को नोटिस। जेल में गैंगस्टर से मिलने पर एक महीने का प्रतिबंध। तथा अन्य जांच।
वहीं पुलिस कप्तान अमित कुमार ने भी मामले में विस्तृत जांच की बात कही है कि फ्रैक्चर होने के पश्चात इस प्रकार का वीडियो कैसे सामने आया दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी





