
(www.csnn24.com)रतलाम शहर के आनंद कॉलोनी स्थित शासकीय कैलाशनाथ काटजू विधि महाविद्यालय में सोमवार को गणेश उत्सव के दौरान गरबा आयोजन को लेकर विवाद खड़ा हो गया। हिंदूवादी संगठनों द्वारा कार्यक्रम को ‘कपल गरबा’ बताए जाने पर विद्यार्थियों ने इसका विरोध करते हुए आरोपों को पूरी तरह गलत और भ्रामक बताया है | साथ ही जो उन्होंने गलत न्यूज़ पोर्टलों पर छपवायी है, उनका भी सभी विद्यार्थि विरोध कर रहे है ।

शिक्षकों एवं विद्यार्थियों के अनुसार, कॉलेज परिसर में 11 दिन के गणेश उत्सव के तहत विधिवत गणेश प्रतिमा स्थापित की गई है व् अलग अलग दिन आयोजन किये जा रहे है । सोमवार को सभागार में गणेश जी की प्रतिमा के समक्ष माता जी की स्थापना कर विद्यार्थी श्रद्धा और पारंपरिक तरीके से गरबा कर रहे थे , वे भी बेहद तमीज़ और सभ्यता से । विद्यार्थियों का कहना है कि कार्यक्रम को ‘कपल गरबा’ बताना वास्तविक आयोजन को गलत तरीके से प्रस्तुत करना है।

विद्यार्थियों ने कहा कि आयोजन कॉलेज परिसर में ओपन ऑडिटोरियम में निर्धारित नियमों और सभी आवश्यक दिशा-निर्देशों का पालन करते हुए किया जा रहा था। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने धार्मिक एवं सांस्कृतिक भावना के साथ हिस्सा लिया। उनका कहना है कि आयोजन का उद्देश्य किसी प्रकार का आपत्तिजनक या अनुशासनहीन कार्यक्रम करना नहीं था, बल्कि गणेश उत्सव के अवसर पर पारंपरिक गरबा आयोजित करना था।

विद्यार्थियों ने मांग की है कि किसी भी धार्मिक या सांस्कृतिक कार्यक्रम को लेकर आरोप लगाने से पहले मौके की वास्तविक स्थिति और आयोजकों का पक्ष भी जानना जाना चाहिए। विद्यार्थियों का कहना है कि गलत आरोपों के कारण कॉलेज के विद्यार्थियों और आयोजन से जुड़े लोगों की छवि प्रभावित हुई है। सिर्फ गरबा ही नहीं कॉलेज की इवेंट कमिटी मिलकर अलग अलग दिन कई तरह के आयोजन कर रहे है जैसे – रंगोली कॉम्पिटिशन, क्विज़ , गेम, महाआरती , छप्पन भोग , सुंदरकांड आदि | रोज़ पूजा पाठ भी हो रही है तथा विधिवत पंडितजी द्वारा मूर्ति स्थापना हुई है |

विद्यार्थियों का आरोप है कि हिंदूवादी संगठनों को आयोजन की पूरी जानकारी नहीं थी और इसी कारण कार्यक्रम को ‘कपल गरबा’ का नाम देकर विरोध किया गया। और ऑडिटोरियम को बंद कमरा बोला गया | जबकि सबूत , गवाह यहां तक की CCTV फुटेज भी मौजूद है | उनके इवेंट्स के फोटो , वीडियो , चैट्स सब ट्रांसपेरेंसी के साथ शिक्षकों के निगाह में भी है | विद्यार्थियों द्वारा इस तरीके से नियम माने जा रहे है की वे रील या वीडियो भी नहीं बनाते ताकि सोशल मीडिया पर दुरूपयोग न हो | गरबा आयोजन के वक्त भी सबके मोबाइल बंद कर के रख दिये गये थे , ताकी कोई भी बिना अनुमति कोई वीडियो फोटो न बनाये | विद्यार्थियों ने कहा कि यदि मौके पर कार्यक्रम की वास्तविक स्थिति देखी जाती , उनकी बात सुनी जाती तो यह स्पष्ट हो जाता कि गणेश प्रतिमा के सामने धार्मिक वातावरण में गरबा किया जा रहा था।
विवाद की सूचना मिलने पर स्टेशन रोड थाना पुलिस भी मौके पर पहुंची और कॉलेज प्रशासन तथा विद्यार्थियों से चर्चा की। विद्यार्थियों का कहना है कि पुलिस के सामने भी उन्होंने अपना पक्ष रखा और स्पष्ट किया कि आयोजन के दौरान कॉलेज की गाइडलाइंस का पालन किया जा रहा था। विद्यार्थियों का कहना है की किसी भी फेक न्यूज़ को सही नहीं समझा जाना चहिये , वे पूर्ण रूप से सभी झूठे आरोपों का खंडन करते है |








