
Publish Date: January 23, 2023
(www.csnn24.com)उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री व समाजवादी पार्टी के नेता स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा, “मैं रामचरितमानस को एक धार्मिक ग्रंथ नहीं मानता हूं, इसमें जाति व वर्ग विशेष को लेकर अपमानजनक टिप्पणियां की गई हैं।” स्वामी प्रसाद ने एक चौपाई का ज़िक्र करते हुए कहा, “सरकार को रामचरितमानस में जो आपत्तिजनक अंश है उन्हें प्रतिबंधित कर देना चाहिए।”





