‘शाम से कहना छेनू आया था…’, अब बोले केशु निनामा—’बुलाओ थाना प्रभारी को, कहना केशु आया है’….

(www.csnn24.com) रतलाम। फिल्म ‘मेरे अपने’ में शत्रुघ्न सिन्हा के किरदार छेनू का संवाद ‘शाम से कहना छेनू आया था…’ खूब मशहूर हुआ था। अब रतलाम में जिला पंचायत उपाध्यक्ष और जयस नेता केशु निनामा का एक ऐसा ही अंदाज चर्चा में है। फर्क इतना है कि फिल्म में छेनू का नाम गूंजता था थानों में केशु का नाम गूंज रहा है। और यहां थाने में केशु निनामा कह रहे हैं- ‘बुलाओ तुम्हारे थाना प्रभारी को, कहना केशु आया है।’
सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में केशु निनामा पुलिस की टेबल पर बैठकर अधिकारियों को खरी-खोटी सुनाते नजर आ रहे हैं। बातों-बातों में वह पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहते हैं, ‘क्या कर रही है तुम्हारी पुलिस, झक मार रही है क्या?’ उनका यह अंदाज अब चर्चा का विषय बना हुआ है। पिछले सप्ताह भी बाजना और रावटी थाने से जुड़े उनके दो वीडियो सामने आए थे। अब तीसरा वीडियो वायरल होने के बाद एक बार फिर केशु निनामा सुर्खियों में हैं।
सोशल मीडिया की टिप्पणी से शुरू हुआ मामला, थाने में बढ़ी गर्मी
पूरा मामला सोशल मीडिया पर की गई एक टिप्पणी से जुड़ा है। केशु निनामा का आरोप है कि एक व्यक्ति ने आदिवासी समाज को नक्सलवाद से जोड़ते हुए नक्सली बताया था। इसी बात से नाराज होकर वह संबंधित व्यक्ति के खिलाफ कार्रवाई की मांग लेकर थाने पहुंचे थे।
निनामा का कहना था कि आदिवासी समाज के बारे में इस तरह की टिप्पणी करने वाले व्यक्ति पर कार्रवाई होनी चाहिए हम सभी के साथ मिलजुल कर सांप्रदायिक सौहार् के साथ रहते हैं। इसी मांग को लेकर वह थाने में धरने पर बैठ गए। पुलिस अधिकारियों ने उन्हें समझाया कि मामले की जांच करने के बाद कार्रवाई की जाएगी, लेकिन निनामा तत्काल कार्रवाई चाहते थे।
बस, इसी बात पर बातचीत आगे बढ़ी और मामला बहस तक पहुंच गया। वीडियो में निनामा पुलिस की टेबल पर बैठकर अधिकारियों को फटकार लगाते दिखाई दे रहे हैं। शिकायत लेकर थाने पहुंचे निनामा का गुस्सा इस कदर बढ़ा कि पुलिस की कार्यप्रणाली ही उनके निशाने पर आ गई।
‘कहां है तुम्हारा थाना प्रभारी, बुलाओ उसे!’
वायरल वीडियो में केशु निनामा पुलिसकर्मियों से थाना प्रभारी को बुलाने के लिए कहते हैं। उनका अंदाज ऐसा है कि फिल्म ‘मेरे अपने’ के छेनू की याद आ जाती है। वह कहते हैं, ‘बुलाओ तुम्हारे थाना प्रभारी को, कहना केशु आया है।’
इसके बाद वह पुलिस से सवाल करते हुए कहते हैं, ‘क्या कर रही है तुम्हारी पुलिस, झक मार रही है क्या?’ उनके इन शब्दों वाला वीडियो सोशल मीडिया पर खूब चर्चा बटोर रहा है।
हालांकि, मामला केवल उनके बोलने के अंदाज का नहीं है। निनामा जिस टिप्पणी को लेकर नाराज हैं, वह आदिवासी समाज से जुड़ी है। उनका कहना है कि समाज को नक्सली बताने वाली टिप्पणी पर कार्रवाई होनी चाहिए। अब इस मामले में पुलिस क्या कदम उठाती है, यह देखना बाकी है।
फोन पर टीआई मनीष डाबर से भी तीखी बातचीत
थाने में हंगामे के बीच एक दूसरा वीडियो भी सामने आया है। इसमें केशु निनामा थाना प्रभारी मनीष डाबर से फोन पर बात करते नजर आ रहे हैं। बातचीत के दौरान वह खुद को जनता का प्रतिनिधि बताते हुए अपनी नाराजगी जाहिर करते हैं।
निनामा कहते सुनाई देते हैं कि थाना प्रभारी अपनी जगह हैं, लेकिन वे भी जनता के प्रतिनिधि हैं। बातचीत के दौरान उनका लहजा तीखा हो जाता है और वह थाना प्रभारी से कहते हैं कि फालतू बात न करें, उन्हें थाने तक आना पड़ेगा।
यानी मामला सिर्फ थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों तक सीमित नहीं रहा। फोन पर भी थाना प्रभारी के साथ उनकी तीखी बहस हुई। सोशल मीडिया पर वायरल दोनों वीडियो में निनामा का गुस्सा साफ नजर आ रहा है।
एसआई एमआई खान से भी हो गई बहस
थाने में मौजूद सब इंस्पेक्टर एमआई खान ने भी निनामा को समझाने की कोशिश की। उन्होंने कहा कि मामले की जांच करने के बाद कार्रवाई की जाएगी। लेकिन निनामा इस जवाब से संतुष्ट नहीं हुए।
वीडियो में वह एसआई से कहते सुनाई देते हैं, ‘पढ़ लिखकर सब इंस्पेक्टर बने हो, फालतू बात मत करो।’ सब कुछ क्लियर है अब किस बात की जांच। इस पर एसआई ने उन्हें संयमित भाषा में बात करने के लिए कहा, लेकिन निनामा की नाराजगी कम नहीं हुई। वह बोले अपेक्षा ना करें।
एक तरफ निनामा तत्काल कार्रवाई की मांग कर रहे थे, तो दूसरी तरफ पुलिस जांच के बाद कदम उठाने की बात कह रही थी। इसी खींचतान के बीच थाने का माहौल गर्म हो गया। हालांकि, पुलिस की ओर से मामले में आगे की कार्रवाई को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आना बाकी है।
बाजना और रावटी के बाद अब तीसरा वीडियो
केशु निनामा और पुलिस के बीच बहस का यह पहला मामला नहीं है। पिछले सप्ताह भी उनके दो वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए थे। इनमें से एक बाजना थाने और दूसरा रावटी थाने से जुड़ा बताया गया था। उन वीडियो में भी वह पुलिस अधिकारियों के सामने नाराजगी जताते नजर आए थे।
अब तीसरी बार वीडियो सामने आने के बाद फिर चर्चा शुरू हो गई है। हर बार पुलिस अधिकारियों के सामने निनामा के तीखे तेवर देखने को मिल रहे हैं। हालांकि, तीनों मामलों की परिस्थितियां अलग हो सकती हैं, लेकिन लगातार सामने आ रहे वीडियो ने इस पूरे घटनाक्रम को चर्चा में ला दिया है।
तीन दिन में कार्रवाई का भरोसा, फिर खत्म हुआ धरना
थाने में काफी देर तक चले घटनाक्रम के बाद पुलिस अधिकारियों ने तीन दिन के भीतर कार्रवाई करने का भरोसा दिया। इसके बाद केशु निनामा ने धरना समाप्त कर दिया। हालांकि, उन्होंने चेतावनी दी कि यदि तय समय में कार्रवाई नहीं हुई तो वह दोबारा आंदोलन करेंगे।
अब गेंद पुलिस के पाले में है। जिस टिप्पणी को लेकर निनामा थाने पहुंचे थे, उस पर पुलिस क्या कार्रवाई करती है और क्या तीन दिन के भीतर कोई ठोस कदम उठाया जाता है, इस पर सबकी नजर रहेगी।
फिलहाल इस पूरे मामले में शिकायत से ज्यादा चर्चा उस अंदाज की हो रही है, जिसमें केशु निनामा पुलिस की टेबल पर बैठकर अधिकारियों को फटकार लगाते नजर आ रहे हैं। फिल्मी संवाद की तर्ज पर उनका कहना- ‘बुलाओ थाना प्रभारी को, कहना केशु आया है’ सोशल मीडिया पर चर्चा का सबसे बड़ा कारण बन गया है।
छेनू का संवाद कभी फिल्मों में गूंजा था, अब रतलाम में केशु निनामा का यह अंदाज सुर्खियां बटोर रहा है। फर्क इतना है कि यहां मामला पर्दे का नहीं, थाने का है और अब सबकी नजर पुलिस की कार्रवाई पर टिकी है।





